ईमानदारी की मिसाल बने बुरहानपुर के दो किशोर, एटीएम के पास मिले ₹10,000 रुपये लौटाकर पेश की मानवता की मिसाल
ईमानदारी की मिसाल बने बुरहानपुर के दो किशोर, एटीएम के पास मिले ₹10,000 रुपये लौटाकर पेश की मानवता की मिसाल

विपिन कुशवाह एवं दुर्गेश महाजन ने रुपये थाने में जमा कराए, पुलिस की उपस्थिति में वास्तविक हकदार को लौटाई गई राशि
ईमानदारी और मानवीय संवेदनाएं आज भी समाज की सबसे बड़ी ताकत हैं। बुरहानपुर के प्रगतिनगर निवासी दो किशोरों, विपिन कुशवाह एवं दुर्गेश महाजन ने ₹10,000 की नकद राशि उसके वास्तविक हकदार तक पहुंचाकर ईमानदारी की अनुकरणीय मिसाल पेश की है। दोनों किशोरों ने एटीएम के पास मिले रुपये स्वयं रखने के बजाय पुलिस को सौंप दिए। बैंक से प्राप्त जानकारी के आधार पर वास्तविक हकदार की पहचान होने के बाद पुलिस की उपस्थिति में दोनों किशोरों के हाथों से राशि वापस दिलाई गई।
घटना का विवरण दिनांक 27.10. 2026 को सुबह लगभग 11:30 बजे प्रगतिनगर निवासी विपिन कुशवाह पिता ठाकुरदास कुशवाह, उम्र 17 वर्ष, एवं दुर्गेश महाजन पिता शांताराम महाजन, उम्र 17 वर्ष, पीपल गली के पास शनवारा स्थित एक्सिस बैंक एटीएम पर रुपये निकालने पहुंचे थे। एटीएम पर पहुंचने के दौरान दोनों ने देखा कि उनसे पहले एटीएम से रुपये निकालकर जा रहे एक व्यक्ति के कुछ नोट एटीएम के पास गिर गए थे। दोनों किशोरों ने रुपये उठाए और उन्हें उनके वास्तविक हकदार को लौटाने के उद्देश्य से एटीएम के बाहर निकले, लेकिन तब तक संबंधित व्यक्ति वहां से जा चुका था। दोनों ने रुपये गिने तो ₹500 के 20 नोट, कुल ₹10,000 मिले। रुपये के वास्तविक मालिक का पता नहीं चलने पर दोनों किशोर थाने पहुंचे और पूरी घटना पुलिस को बताई।
थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक नीता देयरवाल द्वारा पुलिस स्टाफ के साथ दोनों किशोरों को संबंधित एक्सिस बैंक एटीएम पर भेजा गया। रुपये निकालने वाले व्यक्ति की पहचान सुनिश्चित करने के लिए बैंक से लेनदेन संबंधी जानकारी प्राप्त करने हेतु पत्राचार किया गया। दोनों किशोरों ने प्राप्त ₹10,000 की पूरी राशि पुलिस थाने में जमा करवा दी, ताकि उसे सुरक्षित रखते हुए वास्तविक हकदार तक पहुंचाया जा सके।
बैंक से जानकारी मिलने पर वास्तविक हकदार की पहचान दिनांक 29 अक्टूबर 2026 को बैंक से प्राप्त जानकारी के आधार पर फरियादी मुश्ताक अहमद पिता मुख्तार अहमद, उम्र 49 वर्ष निवासीआलमगंज मालीवाड़ा थाना गणपतिनाका को थाने बुलाया गया। दोनों किशोरों ने फरियादी की पहचान की। इसके बाद विपिन कुशवाह एवं दुर्गेश महाजन के हाथों से फरियादी मुश्ताक अहमद को उनकी ₹10,000 की राशि वापस दिलाई गई। फरियादी ने जताया आभार, ईमानदारी को किया सलाम अपनी खोई हुई राशि वापस मिलने पर फरियादी मुश्ताक अहमद ने दोनों किशोरों का हृदय से आभार व्यक्त किया। वहीं, दोनों किशोरों द्वारा दिखाई गई ईमानदारी और जिम्मेदारी की सराहना की गई।
